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मुरादाबाद बार चुनाव 2026: चुनावी माहौल गर्म; अध्यक्ष पद के लिए कई दिग्गज सक्रिय

मुरादाबाद बार चुनाव 2026: चुनावी माहौल गर्म; अध्यक्ष पद के लिए कई दिग्गज सक्रिय

सागर और ज्वाला न्यूज | मुरादाबाद

मुरादाबाददि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी, मुरादाबाद के वर्ष 2026-27 के वार्षिक चुनाव को लेकर न्यायालय परिसर का माहौल पूरी तरह चुनावी रंग में रंगने लगा है। हालांकि अभी तक चुनाव कार्यक्रम और मतदान की आधिकारिक तिथि घोषित नहीं हुई है, लेकिन संभावित प्रत्याशियों ने अधिवक्ताओं के बीच अपना जनसंपर्क अभियान तेज कर दिया है। न्यायालय परिसर में चेंबर-टू-चेंबर मुलाकातें, वरिष्ठ अधिवक्ताओं से संवाद, समर्थन जुटाने की कवायद और रणनीतिक बैठकों का दौर लगातार जारी है। चुनाव की औपचारिक घोषणा से पहले ही पूरा बार परिसर चुनावी चर्चाओं का केंद्र बन चुका है।

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बार एसोसिएशन का चुनाव केवल पदाधिकारियों के चयन तक सीमित नहीं होता, बल्कि यह अधिवक्ता समाज की एकता, नेतृत्व क्षमता, संगठन की दिशा और भविष्य की कार्यशैली तय करने वाला महत्वपूर्ण लोकतांत्रिक पर्व माना जाता है। यही कारण है कि हर वर्ष इस चुनाव को लेकर अधिवक्ताओं में विशेष उत्साह और दिलचस्पी देखने को मिलती है।

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अध्यक्ष पद के लिए कई वरिष्ठ अधिवक्ताओं के नाम चर्चा में

इस बार अध्यक्ष पद के लिए कई अनुभवी और वरिष्ठ अधिवक्ताओं के चुनाव मैदान में उतरने की चर्चाएं हैं। न्यायालय परिसर में जिन प्रमुख नामों की सबसे अधिक चर्चा हो रही है, उनमें—

  • ठाकुर ओमवीर सिंह
  • सुरेंद्र सिंह
  • राकेश वशिष्ठ
  • जयपाल सिंह यादव
  • राजीव गोयल
  • राकेश जौहरी
  • हामिद हुसैन जाफरी

सहित कई अन्य अधिवक्ताओं के नाम शामिल हैं।

हालांकि अभी तक किसी भी प्रत्याशी की आधिकारिक घोषणा या नामांकन प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। ऐसे में अंतिम तस्वीर चुनाव अधिसूचना जारी होने और नामांकन पत्र दाखिल होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। राजनीतिक समीकरणों और अधिवक्ताओं के समर्थन के आधार पर आने वाले दिनों में नए नाम भी सामने आ सकते हैं।

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2025 का चुनाव रहा था बेहद रोमांचक

वर्ष 2025 का बार चुनाव भी अधिवक्ता समाज के बीच काफी चर्चित और प्रतिष्ठापूर्ण रहा था। उस समय अध्यक्ष पद के लिए केवल दो प्रत्याशियों के बीच सीधा मुकाबला देखने को मिला था। चुनाव में आनंद मोहन गुप्ता और हाजी अमीरुल हसन जाफरी आमने-सामने थे।

काफी कड़े मुकाबले और लंबे चुनावी प्रचार अभियान के बाद आनंद मोहन गुप्ता ने जीत दर्ज करते हुए अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभाली थी। पूरे चुनाव के दौरान दोनों प्रत्याशियों के समर्थकों ने जोरदार प्रचार किया था और मतदान भी काफी उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ था। उस चुनाव में अध्यक्ष पद पर कोई तीसरा प्रत्याशी मैदान में नहीं था, जिससे मुकाबला पूरी तरह आमने-सामने का बन गया था।

क्या फिर मैदान में उतरेंगे हाजी अमीरुल हसन जाफरी?

बार परिसर में यह चर्चा भी तेजी से चल रही है कि पिछले चुनाव में अध्यक्ष पद के प्रत्याशी रहे हाजी अमीरुल हसन जाफरी इस बार भी अपनी दावेदारी प्रस्तुत कर सकते हैं। हालांकि उनकी ओर से अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन अधिवक्ताओं के बीच चल रही चर्चाओं ने चुनावी माहौल को और अधिक रोचक बना दिया है।

यदि उनकी दावेदारी सामने आती है तो अध्यक्ष पद का मुकाबला पिछले चुनाव की तुलना में और अधिक दिलचस्प हो सकता है, क्योंकि इस बार कई नए तथा अनुभवी चेहरे भी सक्रिय दिखाई दे रहे हैं।

चुनाव की घोषणा से पहले ही तेज हुआ जनसंपर्क अभियान

संभावित प्रत्याशी लगातार अधिवक्ताओं से व्यक्तिगत मुलाकात कर रहे हैं। न्यायालय परिसर में विभिन्न चेंबरों में बैठकों का सिलसिला जारी है। अधिवक्ताओं की समस्याओं, बार के विकास, पुस्तकालय, चेंबर सुविधाओं, अधिवक्ता कल्याण योजनाओं तथा संगठन को और मजबूत बनाने जैसे मुद्दों पर चर्चा की जा रही है।

समर्थकों द्वारा भी अपने-अपने प्रत्याशियों के पक्ष में माहौल बनाने का प्रयास किया जा रहा है। यही कारण है कि चुनाव की आधिकारिक घोषणा से पहले ही बार परिसर पूरी तरह चुनावी गतिविधियों का केंद्र बन चुका है।

एल्डर्स कमेटी की घोषणा पर टिकी हैं सबकी निगाहें

बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के दिशा-निर्देशों के अनुसार अब अधिवक्ता समाज की निगाहें एल्डर्स कमेटी द्वारा जारी किए जाने वाले चुनाव कार्यक्रम पर टिकी हुई हैं। माना जा रहा है कि चुनाव कार्यक्रम घोषित होते ही नामांकन, प्रचार और चुनावी रणनीतियों में और तेजी आएगी।

चुनाव की तारीख घोषित होने के बाद प्रत्याशी अपने चुनावी एजेंडे, घोषणापत्र और बार के विकास संबंधी योजनाओं को लेकर अधिवक्ताओं के बीच अधिक सक्रिय नजर आएंगे।

बार चुनाव का महत्व

दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी, मुरादाबाद का चुनाव केवल एक संगठनात्मक प्रक्रिया नहीं, बल्कि अधिवक्ता समाज की लोकतांत्रिक परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा है। अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारी पूरे वर्ष अधिवक्ताओं की समस्याओं के समाधान, न्यायालय परिसर की व्यवस्थाओं, बार की प्रशासनिक गतिविधियों, अधिवक्ता हितों की रक्षा तथा संगठन के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसलिए प्रत्येक चुनाव को अधिवक्ता समाज अत्यंत गंभीरता और उत्साह के साथ देखता है।

सागर और ज्वाला न्यूज का विश्लेषण

मुरादाबाद बार चुनाव 2026-27 इस बार पहले की तुलना में अधिक रोचक और बहुकोणीय होने के संकेत दे रहा है। अभी चुनाव कार्यक्रम घोषित नहीं हुआ है, लेकिन संभावित उम्मीदवारों की सक्रियता, लगातार जनसंपर्क, समर्थकों की बैठकों और न्यायालय परिसर में बढ़ती चुनावी चर्चाओं ने यह स्पष्ट कर दिया है कि मुकाबला बेहद दिलचस्प रहने वाला है।

यदि चर्चाओं में शामिल सभी प्रमुख चेहरे चुनाव मैदान में उतरते हैं तो अध्यक्ष पद पर कड़ा और बहुपक्षीय मुकाबला देखने को मिल सकता है। वहीं यदि पिछले चुनाव के प्रमुख प्रत्याशी भी फिर से दावेदारी करते हैं तो चुनाव और अधिक प्रतिष्ठापूर्ण बन सकता है।

अब सभी की निगाहें एल्डर्स कमेटी द्वारा जारी किए जाने वाले चुनाव कार्यक्रम पर टिकी हुई हैं। चुनाव तिथि की घोषणा के साथ ही प्रचार अभियान अपने चरम पर पहुंचने की संभावना है। अंततः यह देखना बेहद दिलचस्प होगा कि अधिवक्ता समाज किस प्रत्याशी पर अपना विश्वास जताता है और दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी, मुरादाबाद के अध्यक्ष पद की प्रतिष्ठित जिम्मेदारी किसके हाथों में जाती है।

— सागर और ज्वाला न्यूज | एक ज्वलंत आवाज

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