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अखिलेश यादव जीत तो पाए नहीं,यूपी उपचुनाव हार और गए  9 विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में किसने बाजी मारी.. किसको क्या मिला भाजपा और सपा दोनों में जबरजस्त मुकाबला 

अखिलेश यादव जीत तो पाए नहीं,यूपी उपचुनाव हार और गए  9 विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में किसने बाजी मारी.. किसको क्या मिला भाजपा और समाजवादी पार्टी दोनों में जबरजस्त मुकाबला 

भाजपा ने 9 में से 7 सीटों पर जीत हासिल की, जबकि सपा को केवल 2 सीटों पर सफलता मिली। इससे भाजपा की राज्य में स्थिति और मजबूत हुई है, जबकि सपा के लिए यह परिणाम चुनौतीपूर्ण रहे हैं।
भाजपा ने 9 में से 7 सीटों पर जीत हासिल की, जबकि सपा को केवल 2 सीटों पर सफलता मिली। इससे भाजपा की राज्य में स्थिति और मजबूत हुई है, जबकि सपा के लिए यह परिणाम चुनौतीपूर्ण रहे हैं।

 

रिपोर्ट: रुद्र प्रताप सिंह (सह सम्पादक)

उत्तर प्रदेश के 2024 विधानसभा उपचुनाव में कुल 9 सीटों पर मतदान हुआ था। इन उपचुनावों का राजनीतिक महत्व बहुत था, और इसमें भाजपा ने अच्छा प्रदर्शन किया। इन सीटों के परिणाम निम्नलिखित हैं:

1. कटेहरी (आंबेडकर नगर)
भा.ज.पा. ने कटेहरी सीट पर जीत दर्ज की। यह सीट सपा के प्रभाव क्षेत्र में मानी जाती थी, लेकिन भाजपा ने इसका मुकाबला करते हुए यहां जीत हासिल की।समाज वादी पार्टी की सांसद लालजी वर्मा कि पत्नी शोभावती वर्मा  उप चुनाव हार गई। भाजपा के धर्मराज निषाद को 34 हजार वोटो से अपनी जीत दर्ज कराई।

2  .मीरापुर (मुजफ्फरनगर)
मीरापुर सीट पर भाजपा ने एक और मजबूत जीत हासिल की, जो उनकी राज्य में राजनीतिक पकड़ को मजबूत करती है।मीरापुर विधानसभा सीट से एन डीए से राष्ट्रीय लोक दल के सिंबल पर मिथिलेश पाल चुनाव जीत गए और  इंडिया ब्लॉक की ओर से समाजवादी पार्टी  उम्मीदवार सुम्बुल राणा चुनाव हार गई 

3. गाजियाबाद
उत्तर प्रदेश के गाज़ियाबाद से भा.ज.पा. ने गाजियाबाद सीट पर भी जीत दर्ज की। गाजियाबाद में भाजपा का प्रभाव काफी मजबूत रहा है, और इस उपचुनाव में भी पार्टी ने इसे बरकरार रखा।गाजियाबाद सदर विधानसभा में बीजेपी सजीव शर्मा ने जीत हासिल कि है भाजपा का गढ़ माने जाने वाली इस सीट पर संजीव शर्मा ने 70 हजार  से अपनी जीत दर्ज कराई और  यहां (सपा) समाज वादी पार्टी के सिंह राज जाटव चुनाव हार गए 

4. .मझवां (मिर्जापुर)
मिर्जापुर की मझवां सीट पर भाजपा ने अपने विरोधियों को हराकर जीत दर्ज की। यह जीत भाजपा के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि यह क्षेत्र काफी सघन रूप से राजनीति में सक्रिय रहता है। भाजपा ने अपनी जीत दर्ज की  भाजपा प्रत्याशी सुचिस्मिता ने समाज वादी पार्टी की प्रत्याशी ज्योति बिंद को 4836 वोटों से हरा कर अपनी जीत दर्ज की

5. सीसामऊ (कानपुर)
सीसामऊ सीट पर भाजपा ने सपा को हराया और यहां पर भी अपनी स्थिति को मजबूत किया। सीसामऊ नसीम सोलंकी को 8,564 मत मिले भाजपा के सुरेश अवस्थी चुनाव हार गए

6. खैर (अलीगढ़)
खैर सीट पर भी भाजपा ने कब्जा किया। यह परिणाम भाजपा के लिए सुकून देने वाला था, क्योंकि यह सीट पहले सपा के पास थी।

अलीगढ़ की खैर विधानसभा सीट पर उपचुनाव में भाजपा का दबदबा बरकरार रहा भाजपा के सुरेंद्र दिलेर ने समाजवादी पार्टी की चारु केन को 38393 मतों से हराकर इस सीट पर भाजपा का कमल खिल गया. पूर्व में भी विधानसभा चुनाव में यह सीट भाजपा के पास थी

7. फूलपुर (प्रयागराज)

फूलपुर की सीट पर भी भाजपा ने शानदार जीत दर्ज की, जिससे पार्टी ने अपनी बढ़ती ताकत को फिर से साबित किया।

8. कुंदरकी (मुरादाबाद)
कुंदरकी सीट पर भाजपा के रामवीर सिंह ठाकुर ने सपा के उम्मीदवार को हराकर यह सीट जीत ली। यह एक महत्वपूर्ण सीट थी, जिसे भाजपा ने सपा से छीन लिया। भाजपा का 31 वर्ष बाद खिला कमल, रामवीर सिंह की ऐतिहासिक जीत समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक हाजी रिजवान कि जमानत जप्त

9. करहल (मैनपुरी)
करहल सीट पर सपा ने जीत दर्ज की। यह सीट सपा के लिए पारंपरिक गढ़ मानी जाती है, और पार्टी ने इसे बरकरार रखा इस उप चुनाव में सपा नेता अखिलेश यादव के भतीजे तेज प्रताप यादव 14,725 वोटों से विजई हुए हैं। भाजपा के अनुजेश प्रताप यादव ने भी कड़ी टक्कर चुनाव में दी है। और इन्हें 89,579 वोट मिले 

इन परिणामों से यह साफ़ है कि भाजपा ने 9 में से 7 सीटों पर जीत हासिल की, जबकि सपा को केवल 2 सीटों पर सफलता मिली। इससे भाजपा की राज्य में स्थिति और मजबूत हुई है, जबकि सपा के लिए यह परिणाम चुनौतीपूर्ण रहे हैं।

 

 

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